'भीड़ ने रास्ता रोक दिया...', हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की हत्या पर बांग्लादेश पुलिस का जवाब

मैमनसिंह, बांग्लादेश: बांग्लादेश के मैमनसिंह में हिंदू मजदूर दीपू चंद्र दास की गुरुवार रात कट्टरपंथी भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। पुलिस ने बताया कि उग्र भीड़ और भारी ट्रैफिक जाम के कारण वे समय पर घटना स्थल पर नहीं पहुँच सके।
मिली जानकारी के अनुसार, दीपू चंद्र दास के साथ काम करने वाले ने उस पर पैगंबर के अपमान का आरोप लगाया। इस झूठे आरोप के बाद कट्टरपंथी भीड़ ने दीपू पर हमला शुरू कर दिया और उसे तब तक पीटा जब तक उसकी मौत नहीं हो गई। मौत के बाद भीड़ ने उसका शव सड़क पर घसीटते हुए एक पेड़ पर बांधकर आग लगा दी।
पुलिस अधीक्षक मोहम्मद फरहाद हुसैन खान ने बताया कि घटना की सूचना उन्हें रात करीब 8 बजे मिली, लेकिन तब तक स्थिति नियंत्रण से बाहर हो चुकी थी।
इस मामले में बांग्लादेश पुलिस ने अब तक कुल 12 लोगों को गिरफ्तार किया है। रविवार को दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जो दीपू की हत्या में शामिल थे।
कानून-व्यवस्था पर सवाल:
बांग्लादेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार चिंताजनक बनी हुई है। हाल ही में बत्तख चोरी के आरोप में दो लोगों को भीड़ ने बुरी तरह पीटा, उनके सिर मुंडवा दिए और सार्वजनिक रूप से नाचने के लिए मजबूर किया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें पीड़ितों को भीड़ के घेरे में देखा जा सकता है। एक व्यक्ति को बत्तख पकड़ने के लिए मजबूर किया गया, जबकि दूसरे के गले में बूमबॉक्स लटकाया गया था और उस पर संगीत बज रहा था। यह घटना स्पष्ट रूप से दिखाती है कि कुछ लोग कानून को अपने हाथ में लेने से नहीं हिचकिचा रहे।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.





















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.