इस्राइल का कबूलनामा: ईरान के खिलाफ ऑपरेशन में मारा गया मोसाद एजेंट मिस्ट 'मेम'

HIGHLIGHTS
- इस्राइल की खुफिया एजेंसी Mossad से जुड़े एक एजेंट को लेकर बड़ा खुलासा सामने आया है।
- रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस एजेंट ने ईरान के खिलाफ इस्राइल के हालिया अभियानों में अहम भूमिका निभाई थी।
- यह जानकारी मोसाद प्रमुख David Barnea ने एक आधिकारिक कार्यक्रम के दौरान साझा की।
- बताया गया है कि इस एजेंट की मौत मई 2023 में इटली में एक नाव दुर्घटना के दौरान हो गई थी।
- “मेम” नाम से पहचाना जाता था एजेंट इस एजेंट की पहचान सार्वजनिक रूप से केवल उनके कोडनेम “मेम” के रूप में की जाती थी, जो उनके नाम के पहले हिब्रू अक्ष…
इस्राइल की खुफिया एजेंसी Mossad से जुड़े एक एजेंट को लेकर बड़ा खुलासा सामने आया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस एजेंट ने ईरान के खिलाफ इस्राइल के हालिया अभियानों में अहम भूमिका निभाई थी। यह जानकारी मोसाद प्रमुख David Barnea ने एक आधिकारिक कार्यक्रम के दौरान साझा की। बताया गया है कि इस एजेंट की मौत मई 2023 में इटली में एक नाव दुर्घटना के दौरान हो गई थी।
“मेम” नाम से पहचाना जाता था एजेंट
इस एजेंट की पहचान सार्वजनिक रूप से केवल उनके कोडनेम “मेम” के रूप में की जाती थी, जो उनके नाम के पहले हिब्रू अक्षर से लिया गया था। उनकी मौत इटली की मैगीओरे झील में नाव पलटने से हुई थी, जिसमें कुल चार लोगों की जान गई थी। उस समय इटली मीडिया में उनकी पहचान 50 वर्षीय एरेज शिमोनी के रूप में बताई गई थी, जिसे एक छद्म नाम माना जाता है। हालांकि उनकी वास्तविक पहचान आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक नहीं की गई है।
गुप्त सेवा में समर्पित रहा जीवन
मोसाद मुख्यालय में आयोजित एक स्मृति दिवस कार्यक्रम के दौरान David Barnea ने कहा कि वे उन सभी गुप्त सेवा कर्मियों को याद कर रहे हैं जिन्होंने देश की सुरक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित किया। उन्होंने “मेम” को ऐसे अधिकारी के रूप में याद किया, जिन्होंने वर्षों तक गुप्त रूप से काम करते हुए इस्राइल की सुरक्षा में योगदान दिया।
उन्होंने कहा कि ऑपरेशन “रोअरिंग लायन” के दौरान “मेम” के कार्यों और उनके योगदान पर उन्हें गर्व महसूस हुआ, क्योंकि उन्होंने देश के बाहर रहते हुए भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं।
अभियान में निभाई अहम भूमिका
बार्निया के अनुसार, “मेम” के नेतृत्व में चलाए गए अभियान रचनात्मकता, रणनीति और आधुनिक तकनीक का मिश्रण थे, जिनका सीधा असर ईरान के खिलाफ इस्राइल की कार्रवाइयों पर पड़ा। उन्होंने कहा कि हाल के इस्राइल-ईरान तनाव के दौरान इन अभियानों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
नाव हादसे को लेकर खुलासे
इटली की मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिस नाव पर यह हादसा हुआ, वह एक बैठक के दौरान इस्तेमाल की जा रही थी, जिसमें खुफिया एजेंसियों से जुड़े लोग मौजूद थे। रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि नाव पर सवार 23 लोगों में से 19 लोग इस्राइल और इटली की खुफिया सेवाओं से जुड़े हुए थे। हादसे में अन्य दो स्थानीय कर्मचारियों की भी मौत हुई थी।
इस्राइल में हुआ अंतिम संस्कार
“मेम” का शव बाद में इस्राइल लाया गया, जहां उन्हें सैन्य सम्मान के साथ अश्केलोन सैन्य कब्रिस्तान में दफनाया गया। अंतिम संस्कार में मोसाद के वरिष्ठ अधिकारी और David Barnea भी मौजूद रहे।
गुप्त जीवन पर मोसाद प्रमुख की टिप्पणी
अंतिम संस्कार के दौरान बार्निया ने उन्हें एक समर्पित, भरोसेमंद और मूल्यों से जुड़े अधिकारी के रूप में याद किया। उन्होंने कहा कि “मेम” ने अपना पूरा जीवन गुप्त सेवा में बिताया और उनके कई महत्वपूर्ण कार्य ऐसे हैं, जिन्हें सुरक्षा कारणों से सार्वजनिक नहीं किया जा सकता।
नाव के कप्तान को सजा
इस हादसे में शामिल पर्यटक नाव के कप्तान क्लाउडियो कारमिनाटी को यात्रियों की मौत के मामले में चार साल की जेल की सजा सुनाई गई। जांच में सामने आया कि नाव में क्षमता से अधिक लोग सवार थे और सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया गया था। हादसे के समय नाव किनारे से मात्र 100 मीटर की दूरी पर थी, जहां कई लोगों को बचा लिया गया या उन्होंने तैरकर किनारे तक पहुंच बनाई।
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