भाकियू अंबावता का केंद्र पर हमला, बोले- किसान और युवा आज भी परेशान

मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन (अंबावता) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी ऋषिपाल अंबावता ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसानों, मजदूरों और युवाओं की समस्याएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन उनके समाधान की दिशा में अपेक्षित प्रयास नजर नहीं आ रहे हैं।
हरिद्वार में आयोजित तीन दिवसीय चिंतन शिविर के समापन के बाद शुक्रवार को मुजफ्फरनगर पहुंचे अंबावता का संगठन के कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए संगठन की आगामी रणनीति और किसान मुद्दों पर अपनी बात रखी।

उन्होंने बताया कि भाकियू अंबावता प्रदेशभर में "चलो गांव की ओर" अभियान चला रही है। अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचकर किसानों, मजदूरों और युवाओं की समस्याओं को समझना तथा उन्हें संगठन से जोड़ना है।
अंबावता ने आरोप लगाया कि मौजूदा आर्थिक और कृषि नीतियों का अपेक्षित लाभ आम किसान तक नहीं पहुंच पा रहा है। उनका कहना था कि किसान आज भी अपनी उपज का लाभकारी मूल्य पाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, जबकि युवाओं के सामने रोजगार का संकट बना हुआ है।
उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं को भी गंभीर मुद्दा बताते हुए कहा कि इससे युवाओं का भरोसा प्रभावित हो रहा है। सरकार को शिक्षा और रोजगार जैसे बुनियादी विषयों पर अधिक प्राथमिकता के साथ काम करना चाहिए।

भाकियू नेता ने बताया कि हरिद्वार में हुए चिंतन शिविर के दौरान कृषि नीति, किसानों की आय, रोजगार और संगठन के विस्तार समेत कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में संगठन गांव-गांव जाकर जनसंपर्क और जनजागरण कार्यक्रम चलाएगा।
अंबावता ने दावा किया कि किसानों, मजदूरों और युवाओं के बीच विभिन्न मुद्दों को लेकर असंतोष बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि यदि इन वर्गों की समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए गए तो संगठन व्यापक स्तर पर आंदोलन की रणनीति पर विचार करेगा।
कार्यक्रम के दौरान संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक भी आयोजित की गई, जिसमें आगामी गतिविधियों पर चर्चा की गई।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.