मंसूरपुर में बालिका यौन उत्पीड़न मामले में भाई-बहन को आजीवन कारावास

मंसूरपुर थाना क्षेत्र के एक गांव में पांच साल पुराने बालिका यौन उत्पीड़ण मामले में दोषी भाई हसन चौधरी और उसकी बहन शकीला उर्फ वकीला को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। विशेष न्यायालय पॉक्सो कोर्ट संख्या-2 की न्यायाधीश दिव्या भार्गव ने यह फैसला सुनाया।
पीड़िता की मां ने 10 मार्च 2020 को शिकायत दर्ज कराई थी। उनके अनुसार, आरोपी महिला ने बहाने से उनकी बेटी को घर बुलाया और चाय में नशीला पदार्थ मिलाया। इसके बाद उसका भाई हसन चौधरी ने बालिका के साथ यौन उत्पीड़न किया। इसके साथ ही दोनों ने फोटो और वीडियो बनाकर पीड़िता को ब्लैकमेल भी किया।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और तीनों – शकीला, हसन चौधरी और राशिद – के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया। शुक्रवार को अदालत ने साक्ष्यों के अभाव में राशिद को बरी कर दिया, जबकि भाई-बहन को दोष सिद्ध होने पर आजीवन कारावास की सजा और 52 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया।
जानकारी के अनुसार, पीड़िता का पिता मजदूरी के लिए सऊदी अरब गया हुआ था। घटना की जानकारी उन्हें मोबाइल कॉल के जरिए दी गई। इस पर परिवार ने स्थानीय पुलिस की मदद ली और आरोपियों के खिलाफ तहरीर देकर मामला दर्ज कराया।
पड़ताल में सामने आया कि शकीला के मकान निर्माण में मदद करने उसके भाई हसन चौधरी गांव आया था। इसी दौरान यह घटना हुई। आरोपी दोनों ने पीड़िता को धमकी दी थी कि अगर किसी को बताया तो फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिए जाएंगे।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.




















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.