काशी में देव दीपावली से पहले आसमान छूते होटल और नाव किराए, बनारस के रेट दुबई-लंदन से भी आगे

वाराणसी में देव दीपावली से पहले होटल और नावों की बुकिंग ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इस वर्ष गंगा घाटों पर 25 लाख दीपों से जगमगाती काशी देखने के लिए देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु और पर्यटक पहुंच रहे हैं, जिससे होटलों और नावों के किराए आसमान छू गए हैं।
ऑनलाइन बुकिंग साइटों के अनुसार, गंगा किनारे स्थित कई फाइव स्टार होटलों में एक रात का किराया 1.5 लाख रुपये तक पहुंच गया है, जो दुबई और लंदन जैसे अंतरराष्ट्रीय शहरों के होटलों से भी अधिक है। वहीं, वरुणा पार इलाके के अधिकांश होटलों में 80 फीसदी से ज्यादा कमरे पहले ही बुक हो चुके हैं।
🔸 गंगा किनारे होटल सबसे महंगे
नदेसर क्षेत्र के एक फाइव स्टार होटल में 5 नवंबर की रात के लिए कमरे की कीमत 1.5 लाख रुपये तक पहुंच गई है। पांडेयपुर और छावनी क्षेत्रों के होटलों में किराया 35 से 70 हजार रुपये तक है। कई छोटे होटलों में भी कमरे 90 हजार रुपये तक में बुक हो रहे हैं।
होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष गोकुल शर्मा के अनुसार, “देव दीपावली अब बनारस की पहचान बन चुका है। विदेशों से आने वाले श्रद्धालुओं ने एक महीने पहले ही बुकिंग कर ली थी, जिससे रेट बढ़ गए हैं। यह समय होटल उद्योग के लिए बूस्टर सीजन साबित हो रहा है।”
🔸 नावों की बुकिंग के रेट भी बढ़े
देव दीपावली के अवसर पर गंगा आरती और दीपोत्सव देखने के लिए नावों की मांग अपने चरम पर है। 95 फीसदी नावें पहले ही बुक हो चुकी हैं। अब 10 हजार रुपये से कम में कोई नाव उपलब्ध नहीं है। बड़े बजड़े और डबल-डेकर नावों का किराया 50 हजार से लेकर 3 लाख रुपये तक पहुंच गया है।
कई नाव संचालकों ने बताया कि बुकिंग शुल्क में नाश्ता, संगीत, सजावट और मनोरंजन की व्यवस्था भी शामिल है। वहीं, क्रूज सेवाओं जैसे अलकनंदा, मानिकशॉ और विवेकानंद की बुकिंग पूरी तरह भर चुकी है, जहां प्रति व्यक्ति किराया 15 हजार रुपये तय किया गया है।
🔸 विदेशी पर्यटकों का बना आकर्षण केंद्र
इस बार इटली, जर्मनी, जापान, ब्रिटेन, स्पेन, अमेरिका और दुबई जैसे देशों से आए पर्यटक काशी की अद्भुत देव दीपावली देखने पहुंचे हैं। बनारस का यह आयोजन अब अंतरराष्ट्रीय आकर्षण बन चुका है, और इसकी चमक ने वैश्विक शहरों के पर्यटन बाजारों को भी पीछे छोड़ दिया है।
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