बालाघाट में बिजली का तार बिछाकर तेंदुए का शिकार, छह आरोपी गिरफ्तार

HIGHLIGHTS
- घटनास्थल से तेंदुए की खाल, कटे पंजे और बिजली के तार बरामद।
- सभी छह आरोपियों को अदालत में पेश किया गया।
- लापरवाही के मामले में तीन वनकर्मियों से तीन दिन में जवाब मांगा गया।
बालाघाट जिले में उकवा परियोजना क्षेत्र के अंतर्गत नारंगी-खांडापार के बीच हिर्री बीट के कक्ष क्रमांक 1815 के घने जंगल में शिकारियों ने बिजली का तार बिछाकर छह वर्षीय नर तेंदुए का शिकार कर लिया। वन विभाग की टीम को 22 अक्टूबर को घटना की जानकारी मिली। शिकारियों ने कुल्हाड़ी से तेंदुए के चारों पंजे काट दिए और उसकी खाल उतारकर पास के एक गड्ढे में भरे पानी में छिपा दी। घटनास्थल पर एक सियार का शव भी मिला, जिसकी मौत भी बिजली के करंट से हुई थी। वन विभाग के अनुसार, दोनों शव चार से पांच दिन पुराने थे।
छह आरोपी गिरफ्तार
वन विभाग की टीम ने मामले में कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें नारंगी गांव के निवासी रतन मेरावी, अनिल पंद्रे, शिवप्रसाद उइके, धीरसिंग मरकाम, सुनील उइके और हीरासिंग मरकाम शामिल हैं। आरोपियों के कब्जे से तेंदुए की खाल, कटे हुए पंजे और करंट लगाने में इस्तेमाल किए गए तार बरामद किए गए हैं। वन विभाग ने सभी छह आरोपियों को अदालत में पेश कर दिया है।
तीन वनकर्मियों को नोटिस
मामले में लापरवाही सामने आने के बाद वन विकास निगम लामता परियोजना के संभागीय प्रबंधक सुंदर निवेदन एम ने परियोजना परिक्षेत्र अधिकारी अजय कामड़े, उप रेंजर चुरन मड़ावी और बीटगार्ड अमर सिंह पंद्रे को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। तीनों से तीन दिन के भीतर जवाब मांगा गया है।
उल्लेखनीय है कि बालाघाट जिले में पिछले 10 दिनों के दौरान चार वन्यजीवों की मौत हो चुकी है। इससे पहले 15 अक्टूबर को बिरसा दमोह के जंगल में छह वर्षीय गर्भवती मादा बायसन की मौत हुई थी। वहीं, 17 अक्टूबर को वारासिवनी की नहर में दो नर बायसन मृत मिले थे। इसके अलावा, 24 अक्टूबर को लालबर्रा में एक वर्षीय मादा तेंदुए के शावक का शव मिला था।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.