होर्मुज से सुरक्षित निकले भारत के दो LPG जहाज, ओमान हमले पर MEA सख्त

नई दिल्ली। अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच दो और भारतीय गंतव्य की ओर जा रहे एलपीजी जहाजों ने होर्मुज जलडमरूमध्य को सुरक्षित रूप से पार कर लिया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इन जहाजों की गतिविधियों पर समुद्री निगरानी एजेंसियों ने नजर बनाए रखी।
जानकारी के मुताबिक, एलपीजी टैंकर सिमी होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने के दौरान कुछ समय के लिए अपना ट्रांसपोंडर बंद रखने के बाद गुरुवार को ओमान की खाड़ी में देखा गया। इसी तरह, एक अन्य जहाज एनवी सनशाइन ने भी इसी मार्ग से गुजरते समय समान प्रक्रिया अपनाई।
जहाज ट्रैकिंग रिपोर्ट्स के अनुसार, एनवी सनशाइन यूएई की रुवैस रिफाइनरी से एलपीजी लेकर भारत के मंगलौर की ओर जा रहा था, जबकि सिमी कतर के रस लाफान बंदरगाह से गुजरात के कांडला तक ईंधन की आपूर्ति कर रहा है।
पश्चिम एशिया में तनाव जारी
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बना हुआ है। होर्मुज जलडमरूमध्य क्षेत्र को लेकर भी सुरक्षा और रणनीतिक स्थिति को लेकर लगातार अनिश्चितता बनी हुई है।
ट्रंप की टिप्पणी और कूटनीतिक हालात
इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हालिया बयान में कहा कि ईरान के साथ संघर्ष विराम की स्थिति “कमजोर” बनी हुई है। उन्होंने संकेत दिया कि दोनों देशों के बीच परमाणु कार्यक्रम और रणनीतिक नियंत्रण जैसे मुद्दों पर विवाद अभी भी जारी है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान ने हाल ही में अमेरिका को शांति से जुड़े प्रस्ताव का जवाब पाकिस्तान के माध्यम से भेजा है, जो दोनों देशों के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है।
ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर कहा कि ईरान का प्रस्ताव उन्हें स्वीकार नहीं है, जिससे कूटनीतिक तनाव और बढ़ गया है।
MEA ने हमले की निंदा की
वहीं भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) ने ओमान तट पर भारतीय ध्वज वाले जहाज पर हुए हमले की कड़ी निंदा की है। प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि वाणिज्यिक जहाजों और चालक दल को निशाना बनाना पूरी तरह अस्वीकार्य है।
उन्होंने बताया कि जहाज पर सवार सभी भारतीय चालक दल सुरक्षित हैं और भारत ने उनके सुरक्षित बचाव के लिए ओमान सरकार का आभार व्यक्त किया है। मंत्रालय ने यह भी दोहराया कि समुद्री व्यापार और नौवहन की स्वतंत्रता में किसी भी प्रकार की बाधा स्वीकार्य नहीं है।
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