मुजफ्फरनगर: ससुराल में विवाहिता से मारपीट, हत्या की कोशिश का आरोप

HIGHLIGHTS
- मुजफ्फरनगर के छपार क्षेत्र में एक विवाहिता ने अपने ससुराल पक्ष पर दहेज उत्पीड़न, मारपीट और जान से मारने की कोशिश जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।
- पीड़िता ने एसएसपी से शिकायत कर मामले में कार्रवाई और न्याय की मांग की है।
- शादी के बाद से दहेज को लेकर प्रताड़ना का आरोप ग्राम भैंसरेहड़ी निवासी शहराना ने अपने प्रार्थना पत्र में बताया कि उसकी शादी वर्ष 2020 में मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार जुल्फान से हुई थी।
- शादी के बाद से ही पति, ससुर और अन्य ससुरालजन लगातार दहेज की मांग करते रहे।
- पीड़िता का कहना है कि उसस…
मुजफ्फरनगर के छपार क्षेत्र में एक विवाहिता ने अपने ससुराल पक्ष पर दहेज उत्पीड़न, मारपीट और जान से मारने की कोशिश जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता ने एसएसपी से शिकायत कर मामले में कार्रवाई और न्याय की मांग की है।
शादी के बाद से दहेज को लेकर प्रताड़ना का आरोप
ग्राम भैंसरेहड़ी निवासी शहराना ने अपने प्रार्थना पत्र में बताया कि उसकी शादी वर्ष 2020 में मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार जुल्फान से हुई थी। शादी के बाद से ही पति, ससुर और अन्य ससुरालजन लगातार दहेज की मांग करते रहे। पीड़िता का कहना है कि उससे लगभग 5 लाख रुपये और कार की मांग की जा रही थी।

मारपीट और बंद करने के आरोप
पीड़िता के अनुसार, मांग पूरी न होने पर उसके साथ कई बार मारपीट की गई और उसे कमरे में बंद कर प्रताड़ित किया गया। 29 अप्रैल की दोपहर को भी ससुराल पक्ष ने मिलकर उसके साथ मारपीट की, जिसमें गंभीर रूप से उसे चोटें आईं।
गला दबाकर हत्या की कोशिश का आरोप
पीड़िता ने आरोप लगाया कि इस दौरान उसके गले में रस्सी डालकर उसकी हत्या करने का प्रयास किया गया। पड़ोसियों के हस्तक्षेप से उसकी जान बच सकी।
तीन तलाक देने का भी आरोप
महिला का यह भी कहना है कि घटना के बाद उसके पति ने फोन पर तीन बार ‘तलाक’ बोलकर रिश्ता खत्म कर दिया, जिससे वह मानसिक रूप से बेहद परेशान है।
पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप
घटना के बाद पीड़िता छपार थाने पहुंची, जहां से उसे मेडिकल जांच के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। हालांकि, उसका आरोप है कि शिकायत देने के बावजूद अभी तक मामला दर्ज नहीं किया गया है।
एसएसपी से सुरक्षा और कार्रवाई की मांग
पीड़िता ने एसएसपी से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.





















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.