दक्षिण कोरिया फुटबॉल संघ ने मांगी माफी, विदेशी रेफरी को अनुचित मनोरंजन देने का आरोप

HIGHLIGHTS
- केएफए के मुख्यालय पर पुलिस ने की छापेमारी
- संघ ने पारदर्शिता और नैतिक मानक मजबूत करने का वादा किया
- होंग म्युंग-बो की नियुक्ति भी जांच के घेरे में
दक्षिण कोरिया फुटबॉल संघ (केएफए) ने 2011 और 2012 में देश में हुए अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल मैचों के दौरान विदेशी रेफरी और मैच अधिकारियों को कथित तौर पर अनुचित मनोरंजन उपलब्ध कराने के आरोपों पर माफी मांगी है। संघ ने कहा कि एक दशक से भी पहले हुई कथित अनियमितताओं को लेकर वह बेहद शर्मिंदा है और इस मामले से लोगों में पैदा हुई निराशा और चिंता के लिए उसे खेद है।
पुराने मामलों की जांच हुई तेज
‘सिन्हुआ’ की रिपोर्ट के मुताबिक, स्थानीय मीडिया ने हाल ही में आरोप लगाया कि केएफए ने 2011 और 2012 में विश्व कप और ओलंपिक क्वालिफायर के साथ-साथ कुछ दोस्ताना मैचों से पहले और बाद में विदेशी रेफरी तथा अन्य मैच अधिकारियों के लिए अनुचित मनोरंजन की व्यवस्था की थी।
इन आरोपों के सामने आने के बाद केएफए को संसदीय सुनवाई का सामना करना पड़ा। इसके अलावा संघ के मुख्यालय पर पुलिस ने छापेमारी की और इस मामले को लेकर मीडिया में भी रिपोर्ट सामने आईं। केएफए ने कहा कि इन घटनाओं से लोगों में पैदा हुई निराशा और चिंता के लिए वह ‘बेहद शर्मिंदा’ है। हालांकि, संघ ने साफ किया कि वर्तमान समय में इस तरह की कोई गलत प्रथा नहीं चल रही है और कॉर्पोरेट कार्ड का भी दुरुपयोग नहीं किया जा रहा है। केएफए ने पारदर्शिता और नैतिक मानकों को बेहतर बनाने के साथ जनता का भरोसा फिर से हासिल करने के लिए व्यापक सुधार करने का वादा किया है।
कोच की नियुक्ति भी जांच के दायरे में
केएफए राष्ट्रीय टीम के पूर्व मुख्य कोच होंग म्युंग-बो की नियुक्ति को लेकर भी पहले से विवादों में घिरा हुआ है। 2024 में हुई उनकी नियुक्ति प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं की जांच के तहत पुलिस ने इसी सप्ताह केएफए के मुख्यालय पर छापा मारा था। पिछले महीने केएफए के पूर्व अध्यक्ष चुंग मोंग-ग्यू और होंग म्युंग-बो से राष्ट्रीय टीम के प्रबंधन और संघ के कामकाज को लेकर संसदीय सुनवाई में सवाल किए गए थे।
विश्व कप में खराब प्रदर्शन के बाद अध्यक्ष का इस्तीफा
दक्षिण कोरिया के 2026 फीफा विश्व कप अभियान में निराशाजनक प्रदर्शन के बीच चुंग मोंग-ग्यू ने कुछ सप्ताह पहले केएफए अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। टीम के नॉकआउट चरण में जगह बनाने में असफल रहने के बाद कोच होंग म्युंग-बो को भी पद छोड़ना पड़ा। दक्षिण कोरिया ग्रुप-ए में तीन अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। टीम ने चेक गणराज्य को हराया, जबकि मैक्सिको और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उसे हार मिली। इस्तीफे की घोषणा के दौरान चुंग ने अपने कार्यकाल की उपलब्धियों और असफलताओं, दोनों को स्वीकार किया।
2002 में चौथे स्थान तक पहुंची थी दक्षिण कोरियाई टीम
दक्षिण कोरिया एशिया की प्रमुख फुटबॉल टीमों में गिनी जाती है। टीम का विश्व कप में सबसे यादगार प्रदर्शन 2002 में रहा था। उस समय दक्षिण कोरिया ने जापान के साथ मिलकर टूर्नामेंट की मेजबानी की थी। घरेलू विश्व कप में दक्षिण कोरियाई टीम सेमीफाइनल तक पहुंची और चौथे स्थान पर रही थी। सेमीफाइनल में उसे जर्मनी से हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद जर्मनी फाइनल में ब्राजील से हार गया था।
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