JPSC-JSSC आंदोलन: सरकार से वार्ता के लिए छात्रों ने बनाया प्रतिनिधिमंडल, 8 अभ्यर्थी रखेंगे मांगें

HIGHLIGHTS
- जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्र पिछले 13 दिनों से धरने पर बैठे हैं
- JPSC-JSSC रिफार्म मंच ने वार्ता के लिए प्रतिनिधियों के नाम जारी किए
- छात्रों की टीम भर्ती परीक्षाओं से जुड़े मुद्दे सरकार के सामने रखेगी
रांची। जेपीएससी और जेएसएससी भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में चल रहा छात्र आंदोलन गुरुवार को 13वें दिन भी जारी रहा। इसी बीच आंदोलन कर रहे छात्रों ने राज्य सरकार के साथ होने वाली प्रस्तावित वार्ता के लिए अपना आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल घोषित कर दिया है।
मुख्यमंत्री आवास में आयोजित होने वाली बैठक में यह प्रतिनिधिमंडल छात्रों की ओर से भर्ती परीक्षाओं से जुड़े सभी मुद्दों और मांगों को सरकार के सामने रखेगा।
JPSC-JSSC रिफार्म मंच ने जारी की प्रतिनिधिमंडल की सूची
JPSC-JSSC रिफार्म मंच ने बताया कि वार्ता के दौरान आंदोलन से जुड़े सभी मुद्दों, तथ्यों और मांगों को केवल छात्र प्रतिनिधि ही सरकार के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। मंच के अनुसार, प्रतिनिधिमंडल में शामिल पत्रकार और कानूनविद अभिभावक एवं मार्गदर्शक की भूमिका निभाएंगे और जरूरत पड़ने पर सलाह देंगे।
ये छात्र करेंगे सरकार से वार्ता
जारी सूची के अनुसार, छात्र प्रतिनिधिमंडल में रविन्द्र पासवान, पीयूष कुमार सिंह, रविन्द्र कुमार रवि, राजेश प्रसाद, नीतू कुजूर, कार्तिक सोरेन, संदीप कुमार और शालू सिंह को शामिल किया गया है।
ये प्रतिनिधि आंदोलनरत अभ्यर्थियों की ओर से भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया और अन्य मांगों को सरकार के सामने रखेंगे।
पत्रकार और कानूनविद निभाएंगे मार्गदर्शक की भूमिका
प्रतिनिधिमंडल में दो वरिष्ठ पत्रकार शंभूनाथ चौधरी और विकास वर्मा को भी शामिल किया गया है। दोनों बैठक में अभिभावक और मार्गदर्शक की भूमिका निभाएंगे।
इसके अलावा वरिष्ठ कानूनविद अजीत कुमार भी बैठक में मौजूद रहेंगे। वह बातचीत के दौरान कानूनी पहलुओं पर आवश्यक मार्गदर्शन देंगे।
स्थायी समाधान की मांग कर रहा मंच
JPSC-JSSC रिफार्म मंच का कहना है कि वार्ता का उद्देश्य केवल आंदोलन को खत्म करना नहीं है, बल्कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना, कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराना और अभ्यर्थियों की मांगों का स्थायी समाधान निकालना है।
मंच ने उम्मीद जताई है कि राज्य सरकार छात्रों की मांगों को गंभीरता से सुनेगी और सकारात्मक निर्णय लेकर भर्ती प्रक्रिया से जुड़े विवादों का समाधान करेगी।
13वें दिन भी जारी रहा धरना
गौरतलब है कि रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्र पिछले 13 दिनों से लगातार धरने पर बैठे हैं। सरकार की ओर से वार्ता की पहल के बाद अब सभी की नजरें मुख्यमंत्री आवास में होने वाली बैठक पर हैं।
इस बैठक के नतीजे छात्र आंदोलन की आगे की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.