सात दिनों की गिरावट का सिलसिला टूटा, सेंसेक्स 512 अंक उछला; निफ्टी 24,198 के पार

HIGHLIGHTS
- अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट से बाजार की धारणा मजबूत हुई।
- शॉर्ट-कवरिंग ने भी बाजार में खरीदारी को बढ़ावा दिया।
- इससे पहले बुधवार को निफ्टी50 0.32 फीसदी गिरकर बंद हुआ था।
भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को निवेशकों के चेहरों पर फिर से खुशी दिखाई दी। प्रमुख सूचकांकों ने मजबूत वापसी दर्ज की। सेंसेक्स करीब 0.7 फीसदी की बढ़त के साथ कारोबार करता नजर आया। वहीं, निफ्टी ने लगातार सात दिनों से जारी गिरावट का सिलसिला तोड़ दिया। अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट, शॉर्ट-कवरिंग और अन्य सकारात्मक संकेतों से बाजार की धारणा मजबूत हुई।
गुरुवार के कारोबार में सेंसेक्स 512.07 अंक की बढ़त के साथ 77,421.75 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं, निफ्टी 119.91 अंक बढ़कर 24,198.20 पर पहुंच गया। इस तेजी से पिछले कुछ दिनों की गिरावट से निवेशकों को राहत मिली।
इससे पहले 19 अगस्त 2026, बुधवार को भारतीय इक्विटी बाजार में लगातार सातवें सत्र में गिरावट दर्ज की गई थी। उस दिन एनएसई निफ्टी50 76.60 अंक यानी 0.32 फीसदी गिरकर 24,078.30 के स्तर पर बंद हुआ था। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, वैश्विक संकेतों ने भी गुरुवार की तेजी में अहम भूमिका निभाई।
बाजार में तेजी क्यों लौटी?
बाजार में तेजी के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण रहे। अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट से निवेशकों को राहत मिली। बॉन्ड प्रतिफल कम होने पर इक्विटी बाजारों में निवेश का आकर्षण बढ़ता है और पूंजी शेयर बाजार की ओर बढ़ सकती है।
शॉर्ट-कवरिंग भी बाजार की तेजी की एक प्रमुख वजह रही। शॉर्ट-कवरिंग उस स्थिति को कहा जाता है जब निवेशक अपनी पहले की शॉर्ट पोजीशन को कवर करने के लिए शेयर खरीदते हैं। इससे शेयरों की मांग बढ़ती है और कीमतों को ऊपर जाने में मदद मिलती है।
इन कारकों ने मिलकर बाजार की धारणा को सकारात्मक बनाया। निवेशकों का भरोसा बढ़ने के साथ खरीदारी में भी तेजी आई और बाजार को मजबूती मिली।
पिछले सात दिन कैसा रहा बाजार का हाल?
20 अगस्त 2026 से पहले भारतीय इक्विटी बाजार के लिए पिछला सप्ताह चुनौतीपूर्ण रहा। बाजार लगातार सात सत्रों में गिरावट का सामना कर रहा था। 19 अगस्त 2026 को भी गिरावट जारी रही।
बुधवार को निफ्टी50 76.60 अंक यानी 0.32 फीसदी की गिरावट के साथ 24,078.30 पर बंद हुआ था। लगातार जारी गिरावट के कारण निवेशकों के बीच चिंता का माहौल बना हुआ था और बाजार में बिकवाली का दबाव दिखाई दे रहा था।
गुरुवार की तेजी से इस चिंता को कुछ राहत मिली है और निवेशकों को अब बाजार में स्थिरता की उम्मीद है।
वैश्विक बाजारों का प्रदर्शन कैसा रहा?
वैश्विक बाजारों में भी भारतीय बाजार की तरह मिला-जुला रुख देखने को मिला। 20 अगस्त 2026 को टोक्यो समयानुसार सुबह 10:45 बजे तक एसएंडपी 500 वायदा 0.2 फीसदी बढ़ा।
जापान के निक्केई 225 वायदा (ओएसई) और टॉपिक्स सूचकांक दोनों में 1.1 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। ऑस्ट्रेलिया का एसएंडपी/एएसएक्स 200 सूचकांक 0.2 फीसदी बढ़ा।
हांगकांग का हैंग सेंग 1.2 फीसदी की तेजी के साथ बंद हुआ। वहीं, चीन का शंघाई कंपोजिट भी 0.7 फीसदी की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा था। हालांकि, यूरोपीय बाजारों में यूरो स्टॉक्स 50 वायदा 0.2 फीसदी गिर गया।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.