हिसार कोर्ट परिसर में फायरिंग, गैंगस्टर विनोद काना की गोली मारकर हत्या; साथी गंभीर घायल

HIGHLIGHTS
- वारदात के दौरान करीब 14-15 राउंड फायरिंग हुई
- विनोद काना के तीन साथी गोली लगने से घायल हुए
- एक हमलावर को घायल साथी ने पीछा कर पकड़ लिया
हिसार। हिसार कोर्ट परिसर के मुख्य गेट पर गुरुवार दोपहर करीब ढाई बजे गैंगस्टर विनोद काना की गोली मारकर हत्या कर दी गई। गैंगवार में विनोद के तीन साथी भी घायल हुए हैं, जिन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हमला करने वाले एक आरोपी को गोली लगने के बावजूद विनोद के एक घायल साथी ने वकीलों की पार्किंग में पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। वहीं, दूसरा आरोपी हवाई फायरिंग करते हुए मौके से फरार हो गया।
विनोद काना गुरुवार को हिसार कोर्ट में पेशी के बाद अपने साथियों के साथ मुख्य गेट से बाहर निकल रहा था। इसी दौरान घात लगाकर बैठे दो हमलावरों ने अचानक उस पर हमला कर दिया। हमलावरों ने एक के बाद एक करीब 14 से 15 राउंड फायरिंग की।
फायरिंग के बाद दोनों हमलावर वकीलों की पार्किंग से भागने लगे। इस दौरान विनोद के एक साथी ने एक हमलावर का पीछा किया। हमलावर ने उस पर गोली चला दी, जो उसकी जांघ में लगी। गोली लगने के बावजूद घायल ने हमलावर को पार्किंग में ही पकड़ लिया।
इसके बाद पीछे से आए लोगों ने हमलावर की पिटाई की और उसे पुलिस के हवाले कर दिया। वहीं दूसरा हमलावर पार्किंग के पास स्थित पेट्रोल पंप की दीवार कूदकर फायरिंग करते हुए फरार हो गया। सूचना मिलने के बाद डीएसपी सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू की।
विधायक के पीए के भतीजे की हत्या में भी था आरोपी
विनोद पानू उर्फ काना पर हत्या समेत 31 आपराधिक मामले दर्ज थे। पुलिस के अनुसार दिल्ली-एनसीआर सहित कई क्षेत्रों में उसकी आपराधिक गतिविधियां थीं। वह हिसार का मोस्ट वांटेड बदमाश था। काना पर विधायक सावित्री जिंदल के पीए के भतीजे की हत्या करने का भी आरोप था।
सात लाख का इनाम था, 2017 में झज्जर से पकड़ा
सीआईए ने वर्ष 2017 में काना को झज्जर के भडावास क्षेत्र से गिरफ्तार किया था। उस समय उस पर सात लाख रुपये का इनाम घोषित था। उसके साथ सात अन्य बदमाशों को भी पकड़ा गया था। इनमें मकोका से फरार और पैरोल जंपर धीरपाल निवासी रेढूवास भी शामिल था।
पुलिस के अनुसार उस समय यह गिरोह मंजीत गैंग के प्रदीप सोलंकी की हत्या की साजिश में जुटा था।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.