नोएडा इंजीनियर मौत मामला: एसआईटी रिपोर्ट में सुरक्षा और बचाव में लापरवाही आई सामने

नोएडा। सेक्टर-150 में हुई सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) ने अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपने की तैयारी कर ली है। रिपोर्ट सौंपने से पहले SIT के अधिकारियों ने बुधवार देर शाम तक नोएडा प्राधिकरण से कई अहम सवालों पर जवाब लिए।
सूत्रों के अनुसार, SIT ने प्रारंभिक निष्कर्ष में हादसे की प्रमुख वजहों के रूप में सुरक्षा उपायों की कमी और बचाव में देरी को जिम्मेदार बताया है। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि हादसे के विभिन्न स्तरों पर कौन-कौन से अधिकारी और विभाग जिम्मेदार थे। प्राधिकरण, पुलिस और प्रशासन के 12 से अधिक अधिकारी और कर्मचारी इस मामले में जांच के दायरे में आ सकते हैं।
डिलीवरी बॉय मोनिंदर से हुई विस्तारपूर्ण पूछताछ
SIT ने मौके पर मौजूद डिलीवरी बॉय मोनिंदर से भी लंबी पूछताछ की। मोनिंदर ने मीडिया से कहा कि उन्होंने अपनी घटनाक्रम की वही जानकारी SIT को दी, जो उन्होंने हादसे के समय दी थी। उन्होंने कोई नया बयान नहीं दिया और न ही किसी तरह की मनगढ़ंत कहानी बनाई।
मोनिंदर ने बताया कि SIT ने उनसे पूछताछ के दौरान कई सवाल किए, जैसे कि उनका काम क्या है, डिलीवरी एप का समय, वह नाले में कितनी देर तक फंसे युवक को बचाने की कोशिश में रहे और वहां क्या-क्या हुआ। उन्होंने कहा कि वह करीब 30-40 मिनट तक नाले में थे। SIT ने यह भी पूछा कि यदि युवक गाड़ी के ऊपर होता तो उसे कैसे बचाया जा सकता था। मोनिंदर ने स्पष्ट किया कि सही समय और संसाधनों से कोशिश होती तो युवक की जान बचाई जा सकती थी।
सुरक्षा की मांग
मोनिंदर ने SIT की पूछताछ के दौरान कहा कि घटना के बाद से उन्हें और उनके परिवार को जान का खतरा महसूस हो रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा मुहैया कराने की अपील की। उनका परिवार इतनी चिंतित है कि पिछले तीन दिनों से खाना तक नहीं बना। मोनिंदर ने कहा, “हम केवल सच बता रहे हैं। इसलिए हमें और हमारे परिवार को सुरक्षा दी जाए ताकि हम बिना डर के जीवन जी सकें।”
पूछताछ के दौरान उनके पिता भी प्राधिकरण पहुंचे थे। पूछताछ खत्म होने के बाद उन्हें सरकारी वाहन के माध्यम से पूरी सुरक्षा के साथ घर छोड़ा गया।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.