ईरान-अमेरिका समझौते को पेजेशकियन ने बताया सही कदम, कहा- इसे आत्मसमर्पण न समझें

HIGHLIGHTS
- अमेरिका के साथ समझौते की 60 दिन की समयसीमा पिछले सप्ताह खत्म हो गई।
- दोनों देशों के बीच अब तक कोई समझौता नहीं हो सका है।
- होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने का मुद्दा भी अटका हुआ है।
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने अमेरिका के साथ हुए समझौता ज्ञापन का बचाव किया है। उन्होंने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों से बाहर निकलने के लिए यही सबसे अच्छा रास्ता है। पेजेशकियन ने देश की स्थिति को न युद्ध और न शांति जैसी बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि समझौते में ऐसा कुछ नहीं है, जिसे आत्मसमर्पण कहा जा सके। उन्होंने कहा कि देश की नीतियां सर्वोच्च नेता तय करते हैं और सरकार उसी दिशा में काम करेगी।
60 दिन बीते, नहीं हो सका समझौता
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जून में इस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे। इसमें ईरान के साथ युद्ध समाप्त करने और उसके परमाणु कार्यक्रम को लेकर समझौते के लिए 60 दिन की समयसीमा तय की गई थी। यह समयसीमा पिछले सप्ताह खत्म हो गई, लेकिन दोनों पक्षों के बीच कोई समझौता नहीं हो सका। होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलने का मुद्दा भी अब तक अटका हुआ है।
पश्चिम एशिया संकट से जुड़ी पांच बड़ी बातें
- जंग को करीब छह महीने हो चुके हैं और ईरान पर आर्थिक दबाव बढ़ता जा रहा है।
- राष्ट्रपति ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में देश के लिए निवेश जुटाना मुश्किल हो रहा है।
- प्रतिबंधों और नौसैनिक नाकेबंदी का असर ईरान की अर्थव्यवस्था पर पड़ा है।
- पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर सोमवार को तेहरान जाएंगे।
- पाकिस्तान अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने का प्रयास कर रहा है।
पड़ोसी देशों को ईरान की चेतावनी
ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के नए प्रमुख मोहसिन रेजाई ने पड़ोसी देशों को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि यदि किसी देश ने ईरान के खिलाफ अमेरिकी आर्थिक कार्रवाई का समर्थन किया तो उसे जवाब दिया जाएगा। रेजाई ने कहा कि ऐसी स्थिति में ईरान फारस की खाड़ी से तेल ले जाने वाले उन समुद्री मार्गों को निशाना बना सकता है, जो होर्मुज जलडमरूमध्य के विकल्प हैं।
विरोध प्रदर्शनों से जुड़े माजिद आदिनेह को फांसी
ईरान की न्यायपालिका की समाचार एजेंसी के अनुसार, विरोध प्रदर्शनों से जुड़े माजिद आदिनेह को फांसी दे दी गई है। उसे नौ जनवरी को तेहरान के पश्चिम में करज के पास मोहम्मदशहर से गिरफ्तार किया गया था। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, उसके पास एक बंदूक, गोलियां और अन्य सामान बरामद हुआ था। बाद में एक अदालत ने उसे जासूसी और शत्रु देशों के साथ सहयोग से संबंधित कानून के तहत दोषी ठहराया।
पश्चिमी तट और गाजा में फिर हिंसा
कब्जे वाले पश्चिमी तट में 61 वर्षीय फलस्तीनी सईद मोहम्मद इब्राहिम रबह पर उसके घर के बाहर पाइप से हमला किया गया। पुलिस ने इस मामले में 16 वर्षीय एक लड़के को गिरफ्तार किया है। वहीं, गाजा के मध्य हिस्से में इस्राइली हवाई हमले में चार वर्षीय मोहम्मद ताहा की मौत हो गई। अल-अक्सा शहीद अस्पताल के अनुसार, हमले में कम से कम पांच अन्य लोग घायल हुए। इस्राइल के रक्षा मंत्री इस्राइल काट्ज ने गाजा से इस्राइली इलाकों की ओर गुब्बारे, पतंग या बिना चालक विमान भेजे जाने पर भी कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.