राजस्थान: 8वें वेतन आयोग पर केंद्र का बड़ा अपडेट, जानें कितने कर्मचारी-पेंशनर्स होंगे लाभान्वित

HIGHLIGHTS
- 8वें केंद्रीय वेतन आयोग का गठन 3 नवंबर 2025 के संकल्प के जरिए किया गया
- न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई को आयोग का अध्यक्ष बनाया गया
- प्रो. पुलक घोष अंशकालिक सदस्य और पंकज जैन सदस्य-सचिव हैं
उदयपुर। केंद्र सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों और गैर-रक्षा पेंशनर्स के लिए 8वें केंद्रीय वेतन आयोग का गठन कर दिया है। आयोग अपने गठन की तारीख से 18 महीने के भीतर केंद्र सरकार को अपनी सिफारिशें सौंपेगा। इसके बाद सरकार इन सिफारिशों पर फैसला करेगी। इससे राजस्थान के करीब 20 लाख कर्मचारी और पेंशनर्स भी लाभान्वित हो सकते हैं।
सांसद डॉ. मन्नालाल रावत ने लोकसभा में 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के गठन, अध्यक्ष और सदस्यों, रिपोर्ट सौंपने की समय-सीमा, सिफारिशों को लागू करने की संभावित तारीख और इससे लाभ पाने वाले कर्मचारी-पेंशनर्स की संख्या को लेकर सवाल पूछा था। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने लिखित जवाब में यह जानकारी दी।
न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई होंगी अध्यक्ष
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि सरकार ने 3 नवंबर 2025 के संकल्प के जरिए 8वें केंद्रीय वेतन आयोग का गठन किया था। आयोग की अध्यक्ष न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई हैं। वहीं, प्रो. पुलक घोष को अंशकालिक सदस्य और पंकज जैन को सदस्य-सचिव बनाया गया है। आयोग ने अभी तक सरकार के सामने अपनी सिफारिशें प्रस्तुत नहीं की हैं।
केंद्र में 35.77 लाख कर्मचारी, 33.76 लाख पेंशनर्स
सरकार के मुताबिक, 1 मार्च 2026 तक केंद्रीय सरकार के सिविल कर्मचारियों की अनुमानित संख्या 35.77 लाख है। वहीं, रक्षा पेंशनर्स को छोड़कर 31 दिसंबर 2025 तक पेंशनर्स और पारिवारिक पेंशनर्स की संख्या करीब 33.76 लाख है। इस तरह दोनों को मिलाकर कुल संख्या करीब 69.53 लाख है।
आर्थिक स्थिति और राज्यों पर असर भी होगा विचार का आधार
आयोग देश की आर्थिक स्थिति, राजकोषीय विवेक, विकासात्मक और कल्याणकारी योजनाओं के लिए पर्याप्त संसाधनों की उपलब्धता, गैर-अंशदायी पेंशन योजनाओं की वित्तीय लागत और उन राज्य सरकारों की वित्तीय स्थिति पर संभावित प्रभाव का भी अध्ययन करेगा, जो आमतौर पर वेतन आयोग की सिफारिशों को कुछ संशोधनों के साथ लागू करती हैं।
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