बर्फबारी और बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, हिमालयी राज्यों में अलर्ट

उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ों से लेकर मैदानी इलाकों तक ठंड और बारिश का असर तेज हो गया है। पहाड़ी राज्यों में भारी बर्फबारी और हिमस्खलन से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जबकि मैदानों में बारिश और ओलावृष्टि से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है।
हिमाचल प्रदेश में दो दिन से जारी बर्फबारी के बीच चंबा जिले के भरमौर और पांगी क्षेत्र की पूलन पंचायत में ओट नाला के पास बड़ा हिमखंड टूट गया। बर्फ के सैलाब में राशन से लदे दो वाहन और तीन दुकानें चपेट में आ गईं। दोनों वाहन नाले में बह गए और बर्फ में दब गए, हालांकि राहत की बात यह रही कि कोई हताहत नहीं हुआ। प्रशासन ने आने वाले दिनों में फिर से हिमस्खलन की आशंका को देखते हुए अलर्ट जारी किया है।
राज्य के शिमला और मनाली में मंगलवार रात और बुधवार सुबह फिर से बर्फ गिरी। मौसम की खराबी के चलते मनाली में शैक्षणिक संस्थान गुरुवार को भी बंद रखे गए। बुधवार शाम तक प्रदेश की चार राष्ट्रीय राजमार्गों समेत 885 सड़कें यातायात के लिए बंद रहीं। इसके अलावा 3,200 से अधिक बिजली ट्रांसफार्मर और 121 पेयजल योजनाएं भी प्रभावित हुईं। मनाली और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पर्यटक अभी भी फंसे हुए हैं। मंडी जिले की सराज घाटी एक बार फिर बर्फ की मोटी चादर में लिपट गई है।
कश्मीर घाटी में भी मौसम ने कहर बरपाया है। उत्तरी कश्मीर के सोनमर्ग क्षेत्र में मंगलवार रात भारी हिमस्खलन हुआ, जिसमें पहाड़ से खिसकी बर्फ मकानों तक पहुंच गई। हालांकि इसमें किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। गांदरबल प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की अपील की है। जम्मू के किश्तवाड़ जिले में भूस्खलन से दर्जनों भेड़-बकरियों की मौत हो गई। वहीं श्रीनगर समेत कई इलाकों में बुधवार सुबह हल्की से मध्यम बर्फबारी हुई, जिसके चलते श्रीनगर हवाई अड्डे से आठ उड़ानें रद्द करनी पड़ीं।
कश्मीर में बर्फ से जूझ रहे लोगों की मदद के लिए सेना आगे आई। 46 राष्ट्रीय राइफल्स के जवानों ने बारामुला के ऊपरी क्षेत्रों में फंसे वाहनों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे यात्रियों को राहत मिली।
उत्तराखंड के मसूरी में ओलावृष्टि के साथ हल्की बर्फबारी दर्ज की गई, जिससे शहर कुछ देर के लिए सफेद नजर आया। धनोल्टी, बुरांशखंडा और जौनपुर की ऊंची पहाड़ियों पर भी बर्फ और ओले गिरे। अटल उद्यान क्षेत्र में करीब दो इंच तक बर्फ जमी, जिसके बाद पर्यटकों की संख्या में इजाफा हुआ।
पंजाब और हरियाणा में बारिश के बाद ठंड और बढ़ गई है। पंजाब में न्यूनतम तापमान में दो डिग्री से अधिक की गिरावट आई है, जबकि अमृतसर सबसे ठंडा शहर रहा। घने कोहरे के कारण बठिंडा, लुधियाना और फरीदकोट में दृश्यता काफी कम हो गई। हरियाणा में भिवानी सबसे सर्द इलाका रहा। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है।
राजस्थान के पूर्वी हिस्सों में भी तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। झालावाड़ जिले में सबसे अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई, जबकि नागौर में न्यूनतम तापमान काफी नीचे चला गया। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में हवाओं के कारण तापमान में और गिरावट देखने को मिल सकती है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि महीने के अंत में एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है, जिससे एक फरवरी के आसपास उत्तर-पश्चिम भारत में फिर से भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना है। पहाड़ों में हो रही बर्फबारी का असर दिल्ली और आसपास के इलाकों में सर्द हवाओं के रूप में महसूस किया जा रहा है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.