'यूपी भारत की धड़कन और आत्मा...', शाह ने 15 लाख करोड़ की योजनाओं का किया शुभारंभ

राजधानी लखनऊ में शनिवार को उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किया। तीन दिवसीय “राष्ट्र प्रेरणा स्थल” कार्यक्रम के पहले दिन शाह ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और प्रदेश के विकास के कई आयामों पर जोर दिया।
अमित शाह ने कहा कि 15 अगस्त 2047 को देश की आजादी का शताब्दी वर्ष मनाया जाएगा। उन्होंने उत्तर प्रदेश को भारत का विकास इंजन और देश की आत्मा करार दिया। शाह ने कहा, “यह श्रीराम, कृष्ण, शिव और बुद्ध की धरती है। यह स्थल राष्ट्र के जागरूकता केंद्र के रूप में दशकों तक दिशा देगा। पहले यहां 65 एकड़ में कूड़े का पहाड़ था, जिसे भाजपा सरकार ने विकसित कर इसे प्रेरणा स्थल बनाया।”
शाह ने मुख्यमंत्री युवा योजना के तहत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले पांच जिलों को सम्मानित किया। उन्होंने बताया कि अब तक 1.30 लाख युवाओं को करोड़ों रुपये के ऋण दिए जा चुके हैं। उन्होंने ओडीओपी (वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट) मेले का भी उल्लेख किया और कहा कि उत्तर प्रदेश के विश्व प्रसिद्ध व्यंजन पूरी दुनिया में लोगों तक पहुँचेंगे।
कार्यक्रम के दौरान गृह मंत्री ने शुभांशु शुक्ला, अलख पांडेय, सुधांशु सिंह, रश्मि आर्य और हरिओम पंवार को सम्मानित किया। उन्होंने सरदार पटेल योजना का भी शुभारंभ किया, जिसका उद्देश्य राज्य की आर्थिक मजबूती और रोजगार सृजन है। शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश का हर जिला रोजगारयुक्त होगा और देशभर से आने वाले लोगों के लिए रोजगार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
अमित शाह ने आगे बताया कि पीएम मोदी और मुख्यमंत्री योगी ने 15 लाख करोड़ रुपये की विभिन्न योजनाओं को जमीन पर उतारा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की कृषि विकास दर बढ़ी है, अयोध्या में श्रीराम मंदिर का निर्माण हुआ है, महाकुंभ का आयोजन हुआ और उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक निर्यात में भी उभर रहा है। उन्होंने प्रदेश में अपराध नियंत्रण और सीमा सुरक्षा की उपलब्धियों का भी जिक्र किया।
आगामी विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए शाह ने कहा कि विकास के लिए प्रचंड बहुमत वाली सरकार बनाना आवश्यक है। उन्होंने चेताया कि परिवारवादी पार्टियां उत्तर प्रदेश का कल्याण नहीं कर सकतीं। उन्होंने मतदाताओं से जाति और धर्म से ऊपर उठकर भाजपा को समर्थन देने की अपील की। शाह ने प्रदेश में डिफेंस कॉरिडोर, एक्सप्रेसवे, हाईवे और गरीबों के लिए बिजली जैसी योजनाओं को भी याद दिलाया।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.